Somvati Amavasya Special: सोमवती अमावस्या विशेष उपाय जिनसे जीवन में सुख-शांति और समृधि बनी रहे, महादेव के सोमवार पर करे ये संपूर्ण उपाय ताकि घर-परिवार में बनी रहे महादेव की कृपा दृष्टि..आइए जानते है क्या है पूरी जानकारी…अधिक पढ़े.
Somvati Amavasya Special: सोमवती अमावस्या विशेष उपाय
1. 30 दिसंबर, सूर्योदय से 31 दिसंबर सुबह 3:56 am तक सोमवती अमावस्या का जप 10 लाख गुना फलदाई होता है l
2. इस दिन पुण्यदाई स्नान करें: स्नान में उबटन या दही का प्रयोग करें और ‘ओम् ह्रीम् गंगाये, ओम् ह्रीम् स्वाहा’ बोलते हुए स्नान करें l ये स्नान आपका सूर्योदय से पहले या सूर्योदय के समय होना चाहिए l
3. दरिद्रता दूर करने के लिए विशेष प्रयोग: सोमवती अमावस्या के दिन तुलसी की तेल का दीपक जलाकर उनकी 108 परिक्रमा करें और “श्री हरि, श्री हरि, श्री हरि…” का मंत्र जप करने से करने से दरिद्रता मिटती है।
4. घर में सुख-शांति और बरकत हेतु विशेष प्रयोग: धन-धान्य व सुख-संम्पदा के लिए हर अमावस्या को घर में एक छोटा सा आहुति प्रयोग करें।
(हवन सुबह करें, रात को नहीं)
सामग्री : 1. काले तिल, 2. जौं, 3. चावल, 4. गाय का घी, 5. चंदन पाउडर, 6. गूगल, 7. गुड़, 8. देशी कर्पूर, गौ चंदन या कण्डा
विधि : गौ चंदन या कण्डे को किसी बर्तन में डालकर हवनकुंड बना लें, फिर उपरोक्त 8 वस्तुओं के मिश्रण से तैयार सामग्री से, घर के सभी सदस्य एकत्रित होकर नीचे दिये गये देवताओं की 11-11 आहुति दें।
Somvati Amavasya Special: 🔥 आहुति मंत्र 🔥
- ॐ कुल देवताभ्यो नमः स्वाहा
- ॐ ग्राम देवताभ्यो नमः स्वाहा
- ॐ ग्रह देवताभ्यो नमः स्वाहा
- ॐ लक्ष्मीपति देवताभ्यो नमः स्वाहा
- ॐ विघ्नविनाशक देवताभ्यो नमः स्वाहा
5. नकारात्मक ऊर्जा मिटाने के लिए: घर में हर अमावस अथवा हर 15 दिन में पानी में खड़ा नमक (1 लीटर पानी में 50 ग्राम खड़ा नमक) डालकर पोछा लगायें । इससे नेगेटिव एनेर्जी चली जाएगी । अथवा खड़ा नमक के स्थान पर गौझरण अर्क भी डाल सकते हैं ।
6. परिवार, कुल आदि में जल्दी-जल्दी मृत्यु होती हो, तो करें अमावस्या के दिन एक विशेष प्रयोग करें : हर अमावस्या को एक लोटा जल भर के रखें और श्रीमद भगवत गीता का 7वें अध्याय का पाठ करें l
पाठ हो जाने पर 🌞सूर्य देव को जल चढ़ाते हुए यह प्रार्थना करें कि “हे सूर्य देव! यमराज आपके बेटे हैं l और वह मृत्यु के देवता हैं l हमारे घर में जो भी गुजर गए हैं उनकी आत्मा को शांति और सद्गति दें और शेष हमारे परिवार के जो सदस्य हैं उनकी हे भगवान! आप लंबी आयु करना l”
Somvati Amavasya Special: आठ चिरंजीवीओं का नाम लेवे
- अश्वत्थामा जी
- बली राजा जी
- वेदव्यास जी
- हनुमान जी
- विभीषण जी
- कृपाचार्य जी
- परशुराम जी
- मार्कंडेय जी महाराज
इन 8 महात्माओं का नाम लेकर उनको भी प्रणाम करें कि “जिस तरह आप चिरंजीवी हैं, हमारे परिवार के सभी सदस्यों की लंबी आयु हो l” और सूर्य भगवान को अर्घ्य दे दें l और उस दिन 2-5 गरीब बच्चों को मिठाई या पूरी हलवा बांट कर आए l
Somvati Amavasya Special: 7-8 अमावास्या तक करें
अमावस्या में पितरों की तृप्ति निमित विशेष प्रयोग: अमावस्या के दिन श्रीमद्भगवद्गीता का सातवाँ अध्याय पढ़ें और उस पाठ का पुण्य अपने पितरों को अर्पण करें ।
गीता का सातवें अध्याय का पाठ कुतप काल में यानी सुबह 11:40 से 12:25 में करें l
पाठ करते समय अपने सामने एक लोटे में जल लें और उसमें काला तिल और कुशा डाल दें
पाठ पूरा होने पर वह जल दक्षिण दिशा की ओर मुख करके कुतप काल में ही, पितरों के निमित अर्घ्य दे दें l अर्घ्य देते समय जल की धार पहली उंगली और अंगूठे के बीच में से गिरे
और सूर्य भगवान से प्रार्थना करें कि “आज जो मैंने पाठ किया मेरे घर में जो गुजर गए हैं, उनको उसका पुण्य मिल जाए ।” इससे उनका आर्शीवाद हमें मिलेगा और घर में सुख-सम्पत्ति बढ़ेगी ।
Somvati Amavasya Special: अमावस्या में दान की भारी महिमा
- अमावस्या के दिन दरिद्र नारायण में अन्न का, कपड़े,चीज वस्तु आदि का दान करने से बहुत पुण्य मिलता है l इस दिन गरीब बच्चों को मिठाई खिलाये l
- अमावस्या तिथि पितरों को समर्पित होती है l पितरों के निमित्त इस दिन किया गया दान उन तक अवश्य पहुंचता है l
- अतः इस दिन यदि आप पितरों के निमित्त दान कर रहे हैं तो उसमें काले तिल या काले तिल का लड्डू जरूर रखें l
Somvati Amavasya Special: सावधानिया
- अमावस्या के दिन दान का अथवा दूसरे के घर का अन्न ना खाएं।
- अमावस्या के दिन संसार व्यवहार करने से विकलांग संतान उत्पन्न होती है अथवा संतान ना भी हो तो भारी नुकसान होता है l
- अमावस्या के दिन जो वृक्ष, लता आदि को काटता है अथवा उनका एक पत्ता भी तोड़ता है, उसे ब्रह्महत्या का पाप लगता है (विष्णु पुराण)














