New Scheme : नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री द्वारा प्रधानमंत्री गरीब उन्मूलन योजना में बड़ा बदलाव किया गया है पहले राशन कार्ड में गेहूं और चने तक अनाज या खाद्य सीमित था सरकार ने इसमें बदलाव करते हुए और 10 और खाद्य चीजों को शामिल किया है जो लोगों को मुफ्त में मिलेगी इनमें सरसों का तेल, आटा, मसाले और भी कई चीज आपकी रसोई तक पहुंचाएगी सरकार जाने कैसे भारत की जनता इसका फायदा उठा रही है और उठा पाएगी.आइए जानते पूरी खबर…अधिक पढ़े

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा चलाई गई राशन कार्ड योजना के तहत प्रधानमंत्री गरीब उन्मूलन योजना (PMGAY} के अनुसार अब राशन भोगियों को अब सिर्फ गेहूं, चावल, चना जैसी खाद्य चीजों के साथ 10 और खाद्य वस्तुए और भी मुफ्त दी जाएगी जिसमें सरकार ने इस योजना में और ज्यादा विस्तार, बदलाव करते हुए आटा, मसाले, सरसों का तेल जैसी और भी खाद्य चीजों को देने का फैसला किया है इस योजना में हुए बड़े बदलाव से लोगों की रसोई का खर्च बहुत हैड तक कम होगा उनके जीवन में गुणवत्ता अच्छी होगी।
क्या है राशन कार्ड योजना इसमें क्या नया बदलाव किए गए हैं
मोदी सरकार ने राशन कार्ड योजना के फल स्वरुप पहले ही चना, गेहूं, चावल, चीनी और दाँलों को मुफ्त देने का फैसला लिया था अब इसमें 10 और नई खाद्य चीज जोड़ी जाएगी जिनमें सोयाबीन, आटा, मसाले और सरसों का तेल शामिल किया गया है।
इन खाद्य सामग्री को शामिल करने का मुख्य उद्देश्य भारत में भूख को खत्म करना नहीं है इसकी बजाय लोगों के खान-पान में का भोजन के पोषण को बढ़ाना है और समय-समय पर इन वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित रूप से वितरित की जाएगी सरकार ने सभी कोटेदारों को निर्देश जारी कर दिए हैं।
गरीब उन्मूलन योजना से जुड़े लोग
गरीब उन्मूलन योजना को लॉकडाउन के दौरान शुरू किया गया था जिसमें बड़ी संख्या में लोगों को अपनी रोजमर्रा की खाद्य जरूरतो को पूरा करने के लिए चलाया गया था आज के समय में भारत में 80 करोड़ से ज्यादा लोग इस योजना का फायदा उठा रहे हैं अभी तक यह भी पाया गया है कि कुछ लोग सक्षम होते हुए भी इस योजना का लाभ उठा रहे हैं जो हकीकत में इसके योग्य या पात्र नहीं है और इस योजना का अनुचित उपयोग ऐसे लोगों द्वारा किया जा रहा है।
क्या राशन कार्ड को दूसरे राज्य या जिले में उपयोग कर सकते हैं
भारत सरकार ने इस योजना के तहत ”वन नेशन – वन राशन कार्ड’‘ योजना से प्रेरित राशन पोर्टेबिलिटी को भी आगे बढ़ावा देने की कोशिश की है जिसके अनुसार यदि कोई व्यक्ति एक राज्य का होकर दूसरे राज्य में निवास करता हो या कार्य पर हो तो वह भी इस राशन कार्ड का उपयोग करके खाद्य सामान को ले सकता है और संपूर्ण सेवाओं का लाभ उठा सकता है।

लोगों के लिए बनाई जाएगी राशन की दुकान जिन्हें जन सुविधा केंद्र कहेंगे
भारत सरकार ने अब राशन की जरूरत को पूरा करने के लिए और सही उचित सेवा के लिए राशन की दुकानों को जन सुविधा केंद्रो के कदमों पर चलकर इस योजना का सही उपयोग होगा राशन की इन दुकानों पर आधार कार्ड में सुधार, निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र आदि जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध करवाई जाएगी।
(अभी इस योजना को उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू किया है सफल पूर्वक इसके चालू होने के बाद इसे देशभर में लागू किया जाएगा।)
भारत सरकार ने क्यों उठाया ये कदम
भारत सरकार का उद्देश्य केवल खाद्य सुरक्षा प्रदान करना ही नहीं बल्कि लोगों के जीवन में उनकी जीवन शैली ही नहीं उनके जीवन में भोजन की पोषण को बढ़ाना साथ ही साथ देश में एक सुधार करने की ओर नया बदलाव से न केवल गरीब परिवारों को आराम मिलेगा बल्कि मध्यम स्तरीय परिवारों को उचित पोषण प्राप्त होगा।

इस Scheme में क्या चुनौतियां हैं
गरीब उन्मूलन योजना के कई ऐसे पहलू हैं जो सही भी है लेकिन यह भी देखने में आ रहा है कि कुछ लोग ऐसे भी हैं जो मध्यम स्तर से ऊपर होते हुए भी इस योजना का लाभ उठा रहे हैं जो इसके ना ही पात्र हैं ना इसके उद्देश्यों में ऐसे लोगों की पूर्ति करना है भारत सरकार ने इस समस्या का हल निकालने हेतु योजना में कुछ सख्त नियमों को जोड़ा जाएगा।
गरीब उन्मूलन के योजना से लोगों में हर्ष उल्लास खुशी है
भारत सरकार के इस फैसले से गरीब के साथ-साथ मध्यम वर्ग के लोगों में खुशी का माहौल है हर्षों-उल्लास से पलित है गरीब की रसोई से जुड़ी 10 और ऐसी चीज मुफ्त में मिलेगी जिसे गरीबों और अन्य लोगों का खर्चा संतुलित रहेगा उन्हें अपने दैनिक या रोजमर्रा की चीजों के लिए बाजार पर निर्भर नहीं होना होगा।












