Fake Documents: किराए के कमरे में रहने वाले पांच युवकों के यहां मथुरा पुलिस ने छापा मारा तो इन सभी के पास से ऐसी चीज मिली की पुलिस भी हैरान रह गई इन सभी लखनऊ से आए पांच युवकों के पास से मिले फ़र्ज़ी मार्कशीट और अन्य सरकारी दस्तावेज है इस गैंग ने बेरोजगारों को अपने जाल में फंसा कर उनके हिसाब से मनचाही मार्कशीट और अन्य दस्तावेज Fake Documents बनाकर दिए हैं आगे पुलिस ने बताया कि यह गैंग बेहद ही खतरनाक और शातिर हैं इन्होंने कई डिजिटल उपकरण और मार्कशीट के कागज आदि इनके पास से बरामद हुए हैं..आइए जानते है क्या है पूरा मामला…पूरा पढ़े.
Fake Documents: पुलिस ने मारा छापा तो अंदर निकला फ़र्ज़ी सामान!
कोतवाली पुलिस ने एक बड़ा हाथ मारा है जिसमें लखनऊ से आए हुए पांच लोगों के यहां छापा मारने के दौरान इस गैंग के पास से फर्जी मार्कशीट और अन्य कई दस्तावेज बरामद किए गए हैं इस गैंग ने इन Fake Documents फर्जी मार्कशीट और सर्टिफिकेट के दम पर लाखों रुपए कमाए हैं इस गैंग ने अपने जाल में कई बेरोजगारों को फसाया है और उनको मनचाही मार्कशीट और दस्तावेज उपलब्ध करवाए हैं पुलिस अधीक्षक शैलेश कुमार ने बताया कि ऐसे बेरोजगार लोग जो की सरकारी नौकरी या किसी अच्छी भर्ती के लिए आवेदन करते हैं तो वह इस गैंग से संपर्क करते और उनसे फर्जी मार्कशीट और अन्य दस्तावेज Fake Documents प्राप्त करते थे।
Fake Documents: गुप्त सूचना पर कोतवाली पुलिस ने मारा बड़ा हाथ
पुलिस अधीक्षक शैलेश पांडे ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर यह छापेमारी की गई और इस छापेमारी में गैंग के पांच सदस्य पकड़े गए हैं जिसमें गैंग का मुख्य लीडर मनीष प्रताप और उसके चार साथी रामप्रकाश गौतम, मुकेश, सुरेश, ऋषि को गिरफ्तार किया है इन आरोपियों के कब्जे से Fake Documents फर्जी मार्कशीट, टीसी और अन्य कई दस्तावेज साथ में डिजिटल उपकरण बरामद किए गए हैं इन सभी आरोपियों के आपराधिक कुंडली की छानबीन की जा रही है जांच पड़ताल की जाँच की जा रही है साथ ही उनके मोबाइल फ़ोन, लैपटॉप, बैंक खाते और लेनदेन से जुड़ी सभी सामग्री के समेत डिजिटल उपकरण की जांच भी की जा रही है और पता लगाने की कोशिश है कि इस गैंग ने यह फर्जी दस्तावेज और मार्कशीट Fake Documents किस से बनवाई है और इस गैंग से जुड़े अन्य लोगों पर बड़ी कार्रवाई हो सकती है।
Fake Documents: इस गैंग से कैसे बनाए फ़र्ज़ी सरकारी दस्तावेज?
मीडिया को बताते SSP ने कहां की इस गैंग ने देश के अलग-अलग राज्यों से शिक्षा बोर्ड व विश्वविद्यालय के नाम पर फर्जी मार्कशीट, टीसी और अन्य कई दस्तावेज पत्र Fake Documents बनाए हैं इस गैंग का मुख्य लीडर मनीष प्रताप की गुप्त सूचना मिलने के आधार पर उसके साथियों के साथ गिरफ्तार किया गया अब इस गैंग के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है पुलिस जाँच-पड़ताल में लगी है।
इस आपराधिक गैंग ने किस तरह शिक्षा बोर्ड से संपर्क या किसी अन्य माध्यम के द्वारा फर्जी मार्कशीट और अन्य दस्तावेज Fake Documents बनाए हैं इसके साथ ही आरोपियों की आपराधिक कुंडली की भी जांच की जा रही है ताकि इस गैंग से जुड़े अन्य लोगों का भी पर्दाफाश किया जा सके।













