Bikaner News : पूर्व कैबिनेट मंत्री रामेश्वर डूडी के जन्मदिवस को इस बार एक अनोखे और आध्यात्मिक अंदाज़ में मनाया गया। नोखा विधायक श्रीमती सुशीला डूडी ने उनके जन्मदिन पर 14 क्विंटल गौ प्रसादी खिलाकर, भजन-कीर्तन व गो परिक्रमा कर रामेश्वर डूडी के दीर्घायु और शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की।
इस पावन अवसर पर गंगा पिंजरापोल गौशाला में सैकड़ों गौ भक्तों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम की शुरुआत सुबह 9 बजे हुई और पूरे वातावरण में भक्ति और श्रद्धा की भावना दिखाई दी।
गौशाला में जन्मदिन का भक्ति भाव से आयोजन
श्रीमती सुशीला डूडी ने बताया कि, “जीवन में गो माता का स्थान सबसे ऊंचा होता है। गौ माता में 33 कोटि देवताओं का वास होता है, और उनकी पूजा व प्रसादी से जीवन धन्य हो जाता है। जो भी सच्चे मन से गो सेवा करता है, उसकी हर मनोकामना पूर्ण होती है।”
गौ माता के चरणों में समर्पित इस आयोजन में पूर्व मंत्री रामेश्वर डूडी के पुत्र अजय डूडी, भाई भगवान डूडी, कांग्रेस नेता नित्यानंद पारीक, और सैकड़ों गो भक्तों ने गो माता के सामने आरती कर, रामेश्वर डूडी की लंबी उम्र की कामना की।
33 महीनों से जारी है गोसेवा का संकल्प
कार्यक्रम के संयोजक देवकिशन चांडक (देवश्री) ने बताया कि गंगा पिंजरापोल गौशाला में पिछले 33 महीनों से बिना रुके हर रविवार को गौ प्रसादी और भजन-कीर्तन का आयोजन हो रहा है। उन्होंने कहा, “गौ माता की कृपा से ही यह सब संभव हो पाया है और हम सब आज डूडी जी के स्वस्थ होने की प्रार्थना कर रहे हैं।”
उन्होंने बताया कि गौ माता सभी कष्टों को हरने वाली हैं और हर वह कार्य जो गौशाला में पूर्ण श्रद्धा से किया जाता है, वह सिद्ध होता है।
सभी नेताओं और कार्यकर्ताओं की रही भागीदारी
कार्यक्रम में कांग्रेस नेता नित्यानंद पारीक ने कहा कि, “गौशाला में किया गया हर धार्मिक कार्य सफल होता है। जन्मदिन हो या वैवाहिक वर्षगांठ, अगर गौ माता के निवास स्थान पर मनाया जाए तो पूरा वर्ष आनंदमय और शुभफलदायक होता है। गो सेवा से मन को शांति और जीवन को दिशा मिलती है।”
पूर्व मंत्री के भाई भगवान डूडी ने कहा कि गो सेवा के जरिए जीवन के हर संकट से मुक्ति पाई जा सकती है। वहीं युवा नेता अतुल डूडी ने युवाओं से आग्रह किया कि वे अपने दैनिक जीवन में गौ सेवा को शामिल करें, ताकि प्रभु श्रीकृष्ण की कृपा प्राप्त हो।
ट्रेन छूट गई लेकिन गौ सेवा नहीं छोड़ी
कार्यक्रम के दौरान एक विशेष पल तब आया जब विधायक सुशीला डूडी को दिल्ली की ट्रेन पकड़नी थी, लेकिन उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि, “जब तक मैं गौ माता को प्रसादी नहीं खिला देती, तब तक ट्रेन में नहीं बैठूंगी।”
इस भक्ति भाव के चलते वे निर्धारित ट्रेन से नहीं जा सकीं, लेकिन उनके पुत्र अजय डूडी ने उन्हें सड़क मार्ग से सरदार शहर स्टेशन पहुंचाया, जहां से उन्होंने दिल्ली की ट्रेन पकड़ी।
यह घटना उनकी गौ भक्ति की असीम भावना को दर्शाती है, और कैसे एक जनप्रतिनिधि अपने धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों को जीवन में प्राथमिकता देती हैं।
Bikaner News : कार्यक्रम में मौजूद रहे कई श्रद्धालु
इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और कार्यकर्ता उपस्थित रहे जिनमें प्रमुख रूप से:
पृथ्वी सिंह पंवार, इंदु वर्मा, जगदीश जोशी, बाबूलाल व्यास, संदीप जोशी, शिवजी चौधरी, राधेश्याम जी, और कई अन्य शामिल थे।
समापन में हुई गौ आरती और प्रसादी वितरण
अंत में सभी उपस्थित भक्तों ने गौ माता की आरती की और गौ प्रसादी ग्रहण की। वातावरण पूरी तरह भक्ति और श्रद्धा से सराबोर हो गया। उपस्थित लोगों ने पूर्व मंत्री रामेश्वर डूडी की जल्द स्वस्थ होने और सार्वजनिक जीवन में फिर से सक्रिय होने की मंगलकामना की।
निष्कर्ष:
रामेश्वर डूडी जी का जन्मदिन इस बार केवल एक उत्सव नहीं बल्कि गौ माता के चरणों में समर्पित श्रद्धा का प्रतीक बना। यह आयोजन एक बार फिर साबित करता है कि राजनीति से परे जाकर भी जननेता धर्म और संस्कृति से जुड़े रह सकते हैं। विधायक सुशीला डूडी और परिवार के सदस्यों ने जिस भाव से यह कार्यक्रम किया, वह प्रेरणास्पद है।











