Congress Attack 2025 : कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर करने, विपक्षी नेताओं को दबाने और जनता की आवाज को कुचलने का आरोप लगाया है। उन्होंने इसे लोकतंत्र के लिए काला धब्बा बताया है। जानिए क्या है पूरा मामला।
राजस्थान के बीकानेर जिले से एक बड़ा राजनीतिक बयान सामने आया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलीम भाटी और नित्यानंद पारीक ने संयुक्त बयान जारी करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि मोदी द्वारा पिछले 11 वर्षों में लिए गए फैसले देश में अघोषित आपातकाल की स्थिति उत्पन्न कर चुके हैं, जो लोकतंत्र के लिए एक काला धब्बा है।
नेताओं ने स्मृति ईरानी द्वारा दिए गए एक बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जब वे विपक्ष में थीं तो हर रोज़ अखबारों की सुर्खियों में गैस सिलेंडर और महंगाई की चर्चा होती थी। लेकिन अब जब वे सत्ता में हैं, तो वे इन मुद्दों पर चुप क्यों हैं?
लोकतांत्रिक संस्थाओं को बताया कमजोर
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि मोदी सरकार ने जानबूझकर संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर किया है। चाहे वह संसद हो, न्यायपालिका या स्वतंत्र एजेंसियां – सब पर सरकार का दवाब है। उन्होंने कहा कि विपक्षी नेताओं को परेशान करना और उनकी आवाज़ को दबाना एक सुनियोजित रणनीति का हिस्सा है।
नित्यानंद पारीक ने कहा, “देश की 140 करोड़ जनता आज भी संविधान पर आस्था रखती है। उन्होंने कई बार सरकार को लोकतांत्रिक तरीके से जवाब दिया है, और आगे भी देंगी।”
जनता की आवाज़ दबाने का आरोप
नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि मोदी सरकार में आम आदमी की आवाज़ को सुना नहीं जा रहा है। गांवों और पंचायतों तक को दिल्ली की ओर देखना पड़ता है, निर्णय लेने की स्वतंत्रता तक नहीं बची है।
सलीम भाटी ने कहा, “आज हालत यह है कि कोई भी स्थानीय निर्णय खुद नहीं लिया जा सकता। सब कुछ केंद्र के इशारे पर चल रहा है। ये किसी लोकतंत्र की पहचान नहीं है।”
महंगाई पर सरकार की चुप्पी पर सवाल
महंगाई के मुद्दे पर नेताओं ने स्मृति ईरानी को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि जब वे विपक्ष में थीं, तो हर छोटी-बड़ी कीमत बढ़ने पर आवाज उठाती थीं। लेकिन अब जब गैस सिलेंडर, दूध, आटा, दाल, और अन्य जरूरी सामानों के दाम आसमान छू रहे हैं, तो सरकार और उसके मंत्री मौन साधे हुए हैं।
नेताओं ने पूछा – “अब कहां गई वो संवेदना? क्या अब जनता की तकलीफें दिखती नहीं?”
आने वाले चुनावों में जनता देगी जवाब
कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि जनता सब देख रही है और समझ रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि आगामी चुनावों में देश की जनता इन तानाशाही प्रवृत्तियों को जवाब देगी।
नित्यानंद पारीक ने कहा, “देश की जनता का भरोसा संविधान और लोकतंत्र में है। जनता अब और गुमराह नहीं होगी। लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई अब हर नागरिक की जिम्मेदारी बन चुकी है।”
Congress Attack 2025 : सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया तेज
कांग्रेस नेताओं के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर भी चर्चा तेज हो गई है। ट्विटर, फेसबुक और व्हाट्सएप ग्रुप्स में इस पर बहस छिड़ गई है। कुछ लोगों ने इसे सटीक और समय पर बयान बताया, तो कुछ ने इसे सियासी स्टंट कहा। लेकिन इतना तय है कि इस बयान ने सियासी हलचल तेज कर दी है।
निष्कर्ष:
मोदी सरकार के खिलाफ कांग्रेस का यह संयुक्त हमला केवल एक बयान नहीं बल्कि एक चुनावी संकेत भी माना जा रहा है। विपक्ष अब खुलकर पीएम मोदी की नीतियों और कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहा है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या यह रणनीति जनता को प्रभावित कर पाएगी या नहीं।











